नैनीताल। उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने साइबर अपराध से जुड़े डिजिटल गिरफ्तारी मामले में सुनवाई करते हुए गुरुवार को सभी पक्षकारों को नोटिस जारी किया है। मुख्य न्यायधीश जी0 नरेन्दर और न्यायमूर्ति सुभाष उपाध्याय की खंडपीठ ने आज इस मामले में सुनवाई की। पुलिस महानिरीक्षक नीलेश आनंद भरणे अदालत में वर्चुअली पेश हुए।
उन्होंने अदालत को बताया कि उन्होंने डिजिटल गिरफ्तारी से जुड़े मामलों में एक मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) तैयार की गयी है। साथ ही लोगों को विभिन्न माध्यमों से जागरूक किया जा रहा है। अधिकारियों को भी इस मामले में आवश्यक निर्देश दिये गये हैं।
उन्होंने कहा कि साइबर अपराध से जुड़े मामलों की जांच के लिये साइबर थानों में प्रशिक्षित साइबर कमांडो तैनात हैं। साइबर अपराध के मामले में सरकार आईआईटी रूड़की के साथ एक कार्यक्रम संचालित कर रही है।अदालत ने अंत में सभी पक्षकारों को नोटिस जारी करते हुए पुलिस को निर्देश दिये कि लोगों के बीच विभिन्न माध्यमों से जागरूकता कार्यक्रम चलायें। पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को भी इसमें शामिल करें। टीवी और सोशल मीडिया पर छोटे छोटे वीडियो तैयार कर प्रसारित करें।